35 साल बाद पुलिस के लिए चुनौती बना हत्यारा | सूचना देने पर ₹50,000 इनाम | Agra Crime News
By DNA News
Summary
Topics Covered
- उम्रकैद की सजा, फिर जमानत और 26 साल की गायबी
- 10 टीमों का शिकंजा: 26 साल से फरार हत्यारोपी की तलाश
Full Transcript
आगरा से इस वक्त एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। 35 साल पहले दोहरी हत्या में उम्र कैद की सजा पाने के बाद जमानत पर रिहा हुआ एक दोषी अब पुलिस के लिए बड़ी चुनौती बन गया है। हाईकोर्ट ने आरोपी के खिलाफ गैर
जमानती वारंट जारी किया है। लेकिन आरोपी 26 साल से लापता बताया जा रहा है। पुलिस ने उसकी तलाश में पूरी ताकत झोंक दी है।
यह मामला एतमादौला थाना क्षेत्र का है। 4 दिसंबर 1985 को सुदामापुरी नरायच इलाके में आशा और महादेवी की फावड़े से काटकर
हत्या कर दी गई थी। इस दोहरे हत्याकांड ने उस समय पूरे शहर को दहला दिया। मामले में दिनेश चंद्र उसके भाई महेश चंद्र और पिता
प्रेमचंद्र को आरोपी बनाया गया था। सत्र न्यायालय ने 26 फरवरी 1990 को दिनेश और महेश को उम्र कैद की सजा सुनाई थी।
हालांकि बाद में हाईकोर्ट से दोनों को जमानत मिल गई और वे जेल से रिहा हो गए। 19 नवंबर 2025 को हाईकोर्ट में अपील पर
सुनवाई हुई। इस दौरान महेश चंद्र तो कोर्ट पहुंचा लेकिन दिनेश चंद्र पेश नहीं हुआ। इसके बाद 8 दिसंबर को हाईकोर्ट ने दिनेश के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी कर दिया।
पुलिस के सामने सबसे बड़ी चुनौती है 26 साल से लापता चल रहे इस दोषी को ढूंढना। बताया जा रहा है कि दिनेश चंद्र 1999 से ही घर छोड़कर चला गया था। आरोपी की
गिरफ्तारी के लिए एसओजी, सर्वििलांस और थानों की कुल 10 टीमें लगाई गई हैं। पुलिस सोशल मीडिया और तकनीकी सर्िलांस की भी मदद
ले रही है। पुलिस ने आरोपी पर ₹00 का इनाम घोषित किया है। सर्वसाधारण को सूचित किया जाता है कि दिनेश चंद्र पुत्र प्रेमचंद निवासी
सदामापुरी नराईच थाना एतमाद्दौला पुलिस कमिश्नर डागरा जो कि थाना एतमाद्दौला के हत्या के मुकदमे के अभियुक्त हैं। और जिन्होंने इसके संबंध में माननीय उच्च
न्यायालय इलाहाबाद में अपील कर रखी थी और उनको अपील पर हाजिर नहीं हुए जिसके कारण उच्च न्यायालय द्वारा उनके विरुद्ध एमw जारी किया गया है। उनके संबंध में लगातार पुलिस कमिश्नर आगरा की पुलिस उन्हें
गंभीरता से तलाश कर रही है। जिसके संबंध में आप सभी को सूचित किया जाता है कि जो भी व्यक्ति दिनेश चंद्र के बारे में कोई
सूचना देगा थाना के सीजी नंबर 949 2740 पुलिस कंट्रोल रूम आगरा के मोबाइल नंबर 944 2771 और सहायक पुलिस आयुक्ता के
मोबाइल नंबर 9494 129 पर सूचना देगा। उसको ₹00 का नगद इनाम दिया जाएगा। धन्यवाद।
हाई कोर्ट में मामले की अगली सुनवाई 17 दिसंबर को होनी है। देखना होगा कि पुलिस इस चुनौती को समय रहते कैसे पूरा करती है।
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